Thursday, 16 May 2013

TANHAAYI

दुनियां यादों की बेहतर हमने बसा ली, दर्द की चादर और आँशुओँ की बिस्तर सजा ली, तेरा जी चाहे तो आके देख ले,तेरी चाहत से बेहतर गम की दुनियाँ सजा ली... जिन्दा तुम भी हो और हम भी यहाँ,फर्क बस इतना है.... तेरे पास सवेरा है और मेरी कुछ खबर नहीँ.. तेरा नया सवेरा होता है,मेरी दर्द की नयी कहानी.. तुम हँसती हो,हम रोते हैं...सुन ले सारी दुनियाँ की जुवानी.....

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